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ईरान अमेरिका की बातें मान रहा है, होर्मुज में शिपिंग फीस भी नहीं लेगा, ट्रंप का क्या है नया पैंतरा?

 Written By: Kajal Kumari @lallkajal
 Published : Jun 25, 2026 10:22 am IST,  Updated : Jun 25, 2026 12:08 pm IST

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अब नया पैंतरा अपनाया है। ट्रंप ने कहा, ईरान अमेरिका की बातें मान रहा है, होर्मुज में शिपिंग फीस भी नहीं लेगा। ट्रंप ने आगे ये भी कहा-मिनाब स्कूल पर अमेरिकी मिसाइलें नहीं गिरी थीं।

ईरान को लेकर ट्रंप का नया बयान- India TV Hindi
ईरान को लेकर ट्रंप का नया बयान

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अब नया पैंतरा दिखाया है। ट्रंप ने अब दावा किया है कि, ईरान चल रही बातचीत में अमेरिका की सभी शर्तें मान रहा है। अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत काफी आगे बढ़ रही है। उन्होंने यह भी साफ किया कि अमेरिका भविष्य में ऐसा कोई समझौता स्वीकार नहीं करेगा जिससे ईरान को होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से होने वाली शिपिंग पर शुल्क लगाने की इजाज़त मिले। ट्रंप ने ये दावा भी किया कि ईरान अब होर्मुज में शिपिंग फीस भी नहीं लेगा। इसके साथ ही, उन्होंने चेतावनी दी कि अगर कूटनीति नाकाम रहती है, तो सैन्य कार्रवाई का विकल्प अभी भी खुला है।

युद्ध हम बहुत बड़े अंतर से जीत रहे

वॉशिंगटन में कई कार्यक्रमों में बोलते हुए, जिनमें कैपिटल में रिपब्लिकन सांसदों के साथ और बाद में व्हाइट हाउस में NATO महासचिव मार्क रुटे के साथ बैठकें शामिल थीं, ट्रंप ने ईरान के साथ हो रही बातचीत को लेकर भरोसा जताया। उन्होंने कहा, “ईरान के साथ हुए युद्ध में हम बहुत बड़े अंतर से जीत रहे हैं। अब तो ईरान बहुत बड़ी रियायतें दे रहा है। देखते हैं क्या होता है, लेकिन यह बहुत, बहुत, बहुत असरदार रहा है और सब कुछ बहुत, बहुत अच्छी तरह से चल रहा है।”

होर्मुज में शिपिंग शुल्क मंजूर नहीं-ट्रंप का नया पैंतरा
नाटो (NATO) के महासचिव मार्क रुटे के साथ ओवल ऑफिस में हुई बैठक के दौरान, ट्रंप ने किसी भी ऐसे समझौते की संभावना को खारिज कर दिया जिससे ईरान को होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों पर शुल्क लगाने की अनुमति मिले। जब उनसे पूछा गया कि क्या ऐसी कोई शर्त अंतिम समझौते को प्रभावित करेगी, तो उन्होंने जवाब दिया, “हां, यह मुझे मंजूर नहीं होगा क्योंकि हमारे पास कई जलडमरूमध्य हैं; अगर आप उनके लिए ऐसा करते हैं तो आपको दूसरों के लिए भी ऐसा करना होगा... मैं वहां भी इसकी अनुमति नहीं दूंगा। हां, यह एक बड़ा बदलाव लाने वाला कदम (गेम चेंजर) होगा।”

मिनाब पर हमने मिसाइलें नहीं दागीं
ट्रंप से ईरान के मिनाब में एक स्कूल पर हुए हमले की जांच के बारे में भी सवाल पूछा गया। उन्होंने कहा कि उन्हें ऐसी कोई जानकारी नहीं मिली है जिससे पता चले कि हमले में अमेरिकी मिसाइल का इस्तेमाल हुआ था। ट्रंप ने कहा, "नहीं, मैंने ऐसा कुछ नहीं देखा है। मुझे नहीं लगता कि वे कभी इस मामले को सुलझा पाएंगे... क्योंकि उस समय हर तरफ मिसाइलें चल रही थीं। मुझे नहीं लगता कि इसमें हमारा हाथ होगा। मुझे नहीं लगता कि हमने ऐसा किया था। उस समय बहुत सारी मिसाइलें दागी जा रही थीं।"

ईरान ने क्या दिया जवाब
वहीं दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बकाई ने X पर एक पोस्ट में इस क्षेत्र में अमेरिकी नीति की आलोचना की। उन्होंने कहा कि जब तक "अमेरिकी सैन्यवाद और दखलंदाजी जारी रहेगी," तब तक स्थायी शांति संभव नहीं होगी।

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